Sunday, November 27, 2022
Homeमध्यप्रदेशटाइगर स्टेट की दौड़ में कौन निकलेगा आगे ? कर्नाटक या मध्यप्रदेश
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टाइगर स्टेट की दौड़ में कौन निकलेगा आगे ? कर्नाटक या मध्यप्रदेश

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Tiger State: मध्य प्रदेश में बाघों के गणना का चौथे चरण का काम पूरा हो गया है। जिसके चलके वन विभाग ने वन विभाग ने टाइगर रिजर्व नेशनल पार्क और अभ्यारण से एकत्रित डाटा एसएफआरआइ  (State Forest Research Institute) के माध्यम से भारतीय वन्यजीव संस्था देहरादून को भेज दिया  है।

मार्च तक हो सकते है परिणाम घोषित

वन विभाग की तरफ से भेजे गए डाटा के जरिए बाघों के फोटो और सैटेलाइट फोटो का मिलान करेंगे। इस कार्य में तीन महीने से ज्यादा का समय लग सकता है। जिसके चलते इसके परिणाम  मार्च तक आने कि संभावना है।

टाइगर स्टेट का दर्जा बरकरार रहेगा ?

डाटा की जांच के बाद भारत सरकार बाघ आकलन 2022 के परिणामों की घोषणा करेगी। जिसके बाद ही तय होगा कि मध्य प्रदेश का टाइगर स्टेट का दर्जा बरकरार रहेगा या छिन जाएगा।

150 टाइगर बढ़ने की उम्मीद

वनविभाग के अफसरों की मानें तो इस गणना में बाघों की संख्या में इजाफा होने का अनुमान लगाया जा रहा है। जिसके चलते कम से कम 150 टाइगर बढ़ने की संभावना है। साल 2018 में हुई गणना के दौरान प्रदेश में 526 बाघ थे। अगर इन बाघों की संख्या में इजाफा होता है तो यह संख्या 700 के पार पहुंच जाएगी।

कर्नाटक और मध्यप्रदेश में से कौन होगा टाइगर स्टेट ?

बाघों की संख्या को लेकर दूसरे नंबर पर कर्नाटक है। जहां 2018 की गणना के दौरान 524 बाघ थे। मार्च में आने वाले परिणामों में साफ हो जाएगा की कौन होगा टाइगर स्टेट। अगर एमपी (MP) कर्नाटक से आगे आता है, तो मध्य प्रदेश का टाइगर स्टेट का दर्जा बरकरार रहेगा।

धारियों के मिलान से होती है गणना

विशेषज्ञों के अनुसर बाघों की गणना जंगल में एक तय स्थान पर ट्रांजिट लाइन खींचकर की जाती है। सुबह से शाम तक इस लाइन से गुजरने वाले जानवरों की गिनती की जाती है। जिसके आधार पर ही रिपोर्ट तैयार होती है। सैटेलाइट इमेज ट्रैप कैमरे से ली गई फोटो और जंगल से लिए गए डाटा का मिलान किया जाता है। जिसके बाद भारतीय वन्यजीव संस्थान अलग-अलग फोटो में बाघ के शरीर की धारियों का मिलान कर तय करते हैं, कि एक ही बाघ है या अलग-अलग बाघ है।

नवंबर 2021 में शुरू हुई थी गिनती

वन विभाग अफसरों के अनुसार साल 2021 के नवंबर से मध्य प्रदेश में बाघों के गणना शुरू कि गयी थी। जिसका तीसरा चरण अप्रैल 2022 में पूरा हुआ था। जिसके बाद चौथे चरण की शुरूआत की गई थी।

 

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